Worship Room Decor: घर का मंदिर चाहे बड़ा हो या छोटा, उससे पूरे घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। तो चलिए, कृष्ण जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर अपने घर के मंदिर को सुंदर बना दिया जाए।
हिन्दू धर्म के लोग श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व बड़ी ही श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाते हैं। इस दिन भक्त व्रत रखते हैं, तरह-तरह के पकवान बनाते हैं और अपने पूजाघरों में छोटी-छोटी खूबसूरत सी झांकियां सजाते हैं। इन झांकियों में भगवान कृष्ण के बाल रूप और उस दौरान घटी घटनाओं को अलग-अलग और बड़े ही मनमोहक तरीके से पेश किया जाता है, लेकिन सबसे खास बात होती है मंदिर की सजावट, जहां नन्हे बाल-गोपाल की पूजा की जाती है। अगर आप भी घर में जन्माष्टमी की तैयारियां कर रही हैं और मंदिर सजाने की सोच रही हैं तो ये आसान से टिप्स आपके लिए बहुत ही मददगार साबित होंगे।
Also read: करें बच्चों की ऊर्जा का उचित उपयोग
पूजा कक्ष को बनाएं सुंदर
इस कमरे की दीवारों को सुंदर दिखाने के लिए भगवान कृष्ण की मनमोहक तस्वीरें लगाएं या झालरें भी लगा सकती हैं। जिनका पूजाघर छोटा है, उनके लिए यह आइडिया बहुत ही अच्छा है। दीवारों पर भगवान की तस्वीरें लगा देने से पूजाघर में आपको ढेर सारी जगह मिलेगी, जहां पर आप भगवान कृष्ण की झांकी भी लगा सकती हैं या पूजा संबंधी काम की सभी चीज़ें भी रख सकती हैं।
फूलों से महकाएं पूजाघर

मंदिर को ताजे और खुशबूदार फूलों से सजाएं। जितने ज्यादा रंग-बिरंगे फूल होंगे, उतना ही अच्छा पूजाघर सजेगा। मंदिर के अंदर वाले हिस्से को गेंदे के पीले फूलों से सजाएं। मोगरे की मालाओं से मंदिर के बाहरी हिस्से को सजाएं। इससे मंदिर खूबसूरत लगने के साथ-साथ खुशबू से महकेगा भी, वह भी लंबे समय तक।
क्रिएटिव बनाएं पूजाघर

पूजाघर के लिए सफेद, नारंगी और पीला रंग बेहद शुभ माना जाता है। इसके साथ ही खुशबूदार फूलों की मालाएं, तेल से भरे दीये और छत से लटकती हुई घंटियां पूजाघर की खूबसूरती में चार चांद लगा देंगे। आप इनको भी जरूर ट्राई करें। इसके अलावा पूजाघर में संगमरमर की सीढ़ी और चमकदार वॉलपेपर बहुत ही सुंदर दिखेंगे, जो कृष्ण जन्माष्टमी के पर्व को और भी निखार देंगे।
कपड़े हों खास
यूं तो भगवान के कपड़ों का चयन अच्छा होना ही चाहिए, लेकिन जब बात नंदकिशोर के जन्म दिवस की हो तो चटक रंगों वाले और गोटापट्टी के काम वाले कपड़े और भी सुंदर लगेंगे। बाल गोपाल के लिए तैयार झूले को भी फूलों की लड़ियों और गोटे से सजा सकती हैं।
कमरों में बनाएं स्पेस
यदि आपके पास अलग से पूजा के लिए कोई कमरा नहीं है तो आप अपने अन्य कमरों में भी जगह के अनुसार कंटेम्पररी पूजाघर बनवा सकती हैं। वुडन वर्क, न्यूट्रल शेड टाइल्स से आप अपने पूजाघर को काफी सुंदर बना सकती हैं।
बेडरूम में पूजाघर
अगर आपका घर या फ्लैट काफी छोटा है, जिसकी वजह से एक अलग से पूजाघर नहीं बना सकती हैं तो अपने बेडरूम में छोटे से कैबिनेट का इस्तेमाल करके एक कॉर्नर में मंदिर बनवा सकती हैं। मंदिर को सपोर्ट देने के लिए इसमें दो दराज और दो शीशे की शेल्फ भी बनवा सकती हैं, जिससे मूर्तियां आराम से रखी जा सकेंगी। जब भी बेडरूम में पूजा के लिए मंदिर रखें तो इस बात का ध्यान रखें कि आपके पैर मंदिर की दिशा की ओर या बिल्कुल सामने न पड़ें।
जगह का रखें ध्यान
पूजाघर के लिए सही जगह का होना बहुत ज़रूरी है, क्योंकि यह न केवल हमारे जीवन, बल्कि पूरे घर में पॉजिटिव एनर्जी फैलाते हैं, इसलिए इन्हें घर के सेंटर में बनाना चाहिए। इसमें बना लकड़ी का प्लेटफार्म आपको बैठकर पूजा करने में मदद करेगा।
वास्तु का भी रखें ध्यान
- पूजाघर बनाने के लिए पूर्व, उत्तर और पूर्वोत्तर की दिशा सबसे शुभ होती है।
- पूजाघर के सामने, बगल, ऊपर या नीचे टॉयलेट और किचन नहीं होना चाहिए।
- भगवान की मूर्ति को रखते वक्त ध्यान रखें की उन सब कि मूर्तियां एक-एक इंच की दूरी पर रखी गई हों। मूर्तियों को एक दूसरे के सामने नहीं रखना चाहिए। मूर्तियों को पूर्व, पश्चिम और उत्तर-पूर्व में रखें और उत्तर दिशा में न रखें।
- पूजाघर के पेंट के लिए हल्के पीले रंग को काफी शुभ माना जाता है। अत: दीवारों पर हल्का पीला रंग किया जा सकता है।
- वास्तु के अनुसार तिकोने आकार का पूजा घर बहुत अच्छा माना जाता है। पूजाघर की छत भी तिकोनी होनी चाहिए जिससे पॉजिटिव एनर्जी बनी रहे।
- पूजाघर को सजाने के लिए तांबे के ही बर्तन का इस्तमाल करें।
- दीया हमेशा भगवान की मूर्ति के सामने ही जलना चाहिए।
- अपने पूजाघर में भगवान की मूर्ति के साथ परिवार के दिवंगत हुए सदस्यों की तस्वीरें न रखें।
- अपने पूजाघर को हमेशा साफ-सुथरा बनाए रखना चाहिए।
- पूजाघर में मिट्टी की खंडित मूर्तियों को नहीं रखना चाहिए। अगर कोई मेटल की मूर्ति टेढ़ी-मेढ़ी हो जाए तो उसे भी घर में नहीं रखना चाहिए।
