नोएडा सेनको क्लब की लेडीज़ ने गृहलक्ष्मी दोपहर के दौरान पूरे जोश और उत्साह के साथ कार्यक्रम में हिस्सा लिया। और ऐसा क्यों न होता, आखिर वो सेनको गोल्ड एंड डायमंड्स के स्टोर पर थी। आपको पता तो होगा कि गहने लगभग हर उम्र और हर तबके की औरतें रखना बेहद पसंद करती हैं।
स्टोर विज़िट से हुई शुरुआत
इस मौके पर उन्होंने सेनको के स्टोर को विज़िट किया और वहां मौजूद सेनको की टीम से नए कलेक्शन और पारंपरिक डिज़ाइन्स के बारे में पूछताछ भी की। मस्ती और गपशप के मूड में दोपहर में आई महिलाओं में बातचीत के दौरान ज्वेलरी पर कई तरह की जानकारियां भी बटोरी जैसे की कैसे करते हैं ज्वेलरी की देखभाल।

सेनको की टीम से मौसमी ने लेडीज़ को बताया कि किसी ब्रांड से खरीदें ज्वेलरी के क्या फायदें हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि ब्रांड से खरीदे ज्वेलरी में कभी भी गुणवत्ता में दिक्कत नहीं आएगी। क्योंकि गोल्ड हर परिवार में आने वाली पीढियों तक जाता है, इसलिए इसका बिना मिलावट होना ही अच्छा है।

सेनको की टीम के विरेन्द्र ने बताया की हॉलमार्क की क्या अहमियत है। उन्होंने महिलाओं को बताया कि कैसे हॉलमार्क पहचाना जाता है। हॉलमार्क लगे ज्वेलरी में 5 निशान होते हैं।
पहला, होता है ट्राएंगल का निशान।दूसरा, गहने पर प्योरिटी लिखा होता है। 22 कैरेट के गोल्ड के लिए लिए 91.66 फिसदी लिखा होगा, जबकि डायमंड में 14 कैरेट के लिए 68 फिसदी और 18 कैरेट के लिए 75 फिसदी लिखा होता है।तीसरा, जिस केंद्र से हॉलमार्क करवाया गया है, उसका निशान होता है।चौथा, जहां से हॉलमार्क है उसका मार्क होता है।पांचवा, जिस ज्वेलर से ले रहे हैं उसके नाम का शुरुआती अक्षर।
गृहलक्ष्मी दोपहर में दिखा महारानी लेडीज़ क्लब की महिलाओं का जलवा
जालंधर के गृहलक्ष्मी दोपहर में सेल्फी,फैशन और हेल्थ टिप्स का दिखा दम
चंडीगढ़ के गृहलक्ष्मी दोपहर में गृहलक्ष्मी क्वीन और किचन क्वीन का जादू
