Summary: शाहरुख खान की दो खास फिल्मों की यह बात है
परमीत सेठी याद करते हैं दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे और मनोज बाजपेयी बात करते हैं वीर जारा की। दोनों में ही नजरिया एक है।
Shah Rukh Khan Real Villain: शाहरुख खान को बॉलीवुड के सबसे बेहतरीन हीरो में से एक माना जाता है। रोमांटिक फिल्मों में उनका कोई मुकाबला नहीं। लेकिन उनके कुछ को-स्टार्स ने मजाकिया अंदाज में कहा है कि असल में उनकी फिल्मों में ‘विलेन’ वही होते हैं। परमीत सेठी (जिन्होंने दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे में खलनायक की भूमिका निभाई थी) और मनोज बाजपेयी (जिन्होंने वीर जारा में विलेन का किरदार किया था) दोनों का इस पर एक जैसा नजरिया है।
परमीत सेठी ने कहा – “डीडीएलजे में गलत था राज”
एक इंटरव्यू में परमीत सेठी ने पिंकविला से कहा, “डीडीएलजे में मेरे किरदार कुलजीत ने कुछ भी गलत नहीं किया था। शाहरुख खान का किरदार राज आया और मेरी मंगेतर को लेकर चला गया। मैं तो कहीं नहीं गया था।” फिल्म में परमीत ने कुलजीत का किरदार निभाया था, जो सिमरन (काजोल) से शादी करने वाला था। लेकिन सिमरन को राज (शाहरुख खान) से प्यार हो जाता है और यही कहानी बन गई बॉलीवुड की सबसे मशहूर लव स्टोरी में से एक।
मनोज बोले – “वीर जारा में विलेन शाहरुख थे”

इसी तरह के एक और इंटरव्यू में, अभिनेता मनोज बाजपेयी ने भी पिंकविला से कहा था, “सगाई हो चुकी है और वो (ज़ारा) किसी और के साथ इश्क लड़ा रही है। तो मेरे लिए उस फिल्म में शाहरुख ही विलेन थे। असल में आप सब मुझसे नफरत कर रहे थे, जबकि गलत तो वही था।” वो फिल्म वीर जारा की बात कर रहे थे, जिसमें उन्होंने रजा शरीब का किरदार निभाया था और प्रीति जिंटा ने जारा का। जारा पहले से किसी और से मंगनीशुदा होती है, लेकिन उसे वीर (शाहरुख खान) से प्यार हो जाता है।
मनोज ने आगे कहा, “जब मुझे कोई किरदार मिलता है, तो मैं हमेशा उसके नजरिए से सोचता हूं। तभी वो किरदार असली लगता है। मेरे लिए उस वक्त शाहरुख ही विलेन थे। रजा के लिए तो शाहरुख बुरा आदमी था। अगर रजा ताकतवर न होता, तो शायद खुदकुशी कर लेता या फिर अपनी जिंदगी देवदास बनकर गुजार देता। हर इंसान अपनी सीमाओं में वही करता है जो वो कर सकता है।”
दोनों एक्टर्स का नजरिया
दोनों अभिनेताओं के मुताबिक, अगर बात उनके किरदारों के दृष्टिकोण से की जाए, तो शाहरुख का किरदार ही असल में मुसीबत पैदा करने वाला था, वो किसी लड़की की जिंदगी में घुसता है, जबकि उसकी सगाई पहले से किसी और से हो चुकी होती है।
परमीत सेठी का अनुभव और ‘कुलजीत’ का रोल
परमीत सेठी कई बार कह चुके हैं कि वे कुलजीत के रोल के लिए बेहद आभारी हैं। उन्होंने यह भी बताया कि उन्हें यह रोल कैसे मिला.. जब उन्होंने आदित्य चोपड़ा से खुद जाकर कहा कि उन्हें इस किरदार के लिए ऑडिशन देने का मौका दें। यही मौका उनकी जिंदगी का यादगार किरदार बन गया।
शाहरुख तो विलेन ही रहे…
वैसे शाहरुख खान ने वाकई में भी कई फिल्मों में विलेन के रोल किए हैं। बाजागीर में उनका किरदार ग्रे शेड लिए था। डर में तो वे पूरी तरह नेगेटिव रोल में थे। इसी तरह अंजाम में भी उनका रोल कहीं से हीरो वाला नहीं था।
