किसी शायर ने खूब कहा है… दुल्हन वहीं, जो पिया मन भाए… और यह कहना सौ फीसदी सच भी है। अपने पिया के दिल में उतरने के लिए हर लड़की की तैयारी उसकी शादी की बात पक्की होते ही शुरू हो जाती है, जिसके लिए वह अच्छे से अच्छे मेकअप आर्टिस्ट का सहारा लेती है। अच्छे मेकअप आर्टिस्ट आजकल पार्लर में तो उपलब्ध् होते ही हैं साथ ही साथ आजकल फ्रीलांसिंग करते हुए भी मिल जाते हैं। तो किसे चुनें आप अपने मेकअप के लिए, आइए जानें इन तथ्यों के आधर पर-

 

  • राइट मेकअप के लिए जरूरी है राइट लाइट। पार्लर में इस्तेमाल की जाने वाली स्टूडियो लाइट में मेकअप के रंग स्टेज की रोशनी में भी अपनी वास्तविक रंगत बनाए रखते हैं जबकि घर की लाइट और स्टेज की लाइट अलग-अलग हो जाने के कारण ये रंग बदल भी सकते हैं, जिसकी वजह से मेकअप में कई खामियां नजर आने लगती हैं।
  • शादी-विवाह के मौके पर दुल्हन के अलावा सभी नाते-रिश्तेदार भी खूबसूरत दिखना चाहते हैं, जिसके लिए वे भी मेकअप आर्टिस्ट का सहारा लेते हैं। ऐसे में यदि घर में दुल्हन के मेकअप के लिए फ्रीलांस आर्टिस्ट आ जाए तो रिश्तेदारों की खूबसूरत दिखने की मंशा पूरी हो सकती हैं लेकिन उनकी इस मंशा की पूर्ति में आर्टिस्ट दुल्हन के ऊपर ज्यादा ध्यान नहीं दे पाता, इससे दुल्हन के सौंदर्य में कमी आ सकती है। इसके अलावा हर किसी की व्यक्तिगत राय भी आर्टिस्ट के काम करते वक्त डिस्टर्ब कर सकती है।

 

  • सैलून या पार्लर हमेशा नई-नई तकनीकों, मशीनों व उपकरणों से अपडेट रहते हैं यहां तक कि किसी भी नए प्रोडक्ट या मशीन के मार्केट में लांच होने पर सैलून के अंदर काम कर रहे आर्टिस्ट और कर्मचारियों को हर चीज की फुल ट्रेनिंग दी जाती है, ऐसे में सैलून में जाकर सर्विस लेना आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है।
  • नववधू  का श्रृंगार करते वक्त अक्सर कई समस्याएं व जरूरतें सामने आ जाती हैं जैसे-नाखून का टूट जाना, लहंगे व बालों को टक करने के लिए एक्सेसरीज का न होना इत्यादि। इस तरह की प्राॅब्लम्स को पार्लर में रहते ठीक किया जा सकता है जबकि घर पर पूरी सुविधा न होने के कारण इस प्रकार की समस्याओं का हल ढूंढ पाना असंभव होता है।
  • यह काफी हद तक संभव है कि फ्रीलांस आर्टिस्ट जल्दबाजी में अपने कुछ महत्वपूर्ण उपकरण व प्रोडक्ट्स भूल जाए और सामान की कमी की वजह से दोबारा जाकर वह सामान नहीं ला पाए। ऐसी स्थिति में वह उन्हीं चंद उपकरणों से गुजारा करता है जबकि पार्लर में हर एक चीज उपलब्ध् होती है और कुछ भूल जाने जैसा कोई डर नहीं होता।
  • हां, यह जरूर है कि पार्लर आने-जाने के चलते दुल्हन का समय ज्यादा लग जाता है लेकिन आर्टिस्ट के घर पर आकर मेकअप करने से उसका वही समय बच जाता है।