कर्क राशि वाले जातकों को नववर्ष 2018 की शुभकामनाएं। यह साल आपके लिए मिश्रित फलकारक रहेगा। स्वास्थ्य की दृष्टि से उतार-चढ़ाव चलते रहेंगे। कोई पुराना रोग या उदर विकार परेशानी का कारण बनेगा। शनि वर्ष पर्यन्त छठे भाव में गतिशील अत: कमर के नीचे के भाग में पैर, आदि में परेशानी रहेगी। स्त्री जातकों को स्त्री जन्य बिमारियां रह सकती हैं। व्यापार को पटरी पर लाने के लिए आप भरसक प्रयास करेंगे, लेकिन उसका पूर्णरूपेण लाभ आपको प्राप्त हो नहीं पाएगा। भागीदार, सहकर्मी व कर्मचारी की हर गतिविधि व कार्यकलाप पर नजर रखें। अपने किसी प्रोजेक्ट या व्यापार को बढ़ाने के लिए आप हर बार मीटिंग्स करेंगे। मीटिंग किसी अंजाम पर पहुंच नहीं पाएगी। दिनचर्या, खान-पान व आदतों में जरूर महत्त्वपूर्ण बदलाव लाएंगे। योग, प्राणायाम, डाइट फूड, व्यायाम आदि से आप स्वास्थ्य को संभालने की कोशिश करेंगे। व्यापार विस्तार की योजना आप इस साल बनाएंगे। तकनीक, मशीनरी, हुनर व मैन पावर का उपयोग करके आप अपना उत्पादन तो बढ़ा लेंगे, परन्तु आय या लाभ नहीं बढ़ा पाएंगे। नौकरी में महत्त्वपूर्ण कार्यभार या पोस्टिंग आपको मिल सकती है। बॉस व अधिकारी आपके काम से संतुष्ट रहेंगे। मुनाफा के लिए गुणवत्ता व क्वालिटी में आप भी प्रकार का समझौता नहीं करेंगे।
 
 
 
फिजूलखर्ची पर नियंत्रण करें, आर्थिक परेशानी की स्थिति रह सकती है। पैसा आने से पहले जाने का रास्ता तैयार रहेगा। इस वर्ष शनि की स्थिति छठे स्थान में है, अत: गुप्त शत्रुओं व षड्यंत्रों से सावधान रहें। शत्रु व विरोधी आपके विरुद्ध कोई योजना बना सकते हैं, हालांकि उस योजना की सफलता पर संदेह ही है। नौकरी में अजनबी व्यक्तियों पर बिलकुल भी भरोसा नहीं करें। पति-पत्नी में आपसी सामंजस्य बहुत बढिय़ा रहेगी। दोनों एक दूसरे की भावना को समझेंगे। पुत्र संतान की हरकतें, आदतें व स्वभाव आपकी चिंता का कारण बन सकते हैं। इस वर्ष बड़े-बड़े लोगों से आपके संपर्क बनेंगे। पंचमेश मंगल वर्षारम्भ में गुरु के साथ है, अत: संतान से सम्बन्धित शुभ कार्य की स्थिति बन सकती है। विद्यार्थी जमकर मेहनत करेंगे, विभागीय परीक्षा, नौकरी या प्रमोशन से सम्बन्धित परीक्षा में सफलता मिल सकती है। इस वर्ष शत्रुजय बाधा, अभिचार प्रयोगों, षट्कर्म से शत्रु नुकसान पहुंचाने की चेष्टा कर सकते हैं। नवरत्न जडि़त बगलामुखी यंत्र गले में धारण करें। छठे स्थान में शनि शुक्र तथा सूर्य की स्थिति है। अत: कोर्ट-कचहरी सम्बन्धी जो मामले पिछले काफी समय से चल रहे थे, उनमें स्थितियां आपके पक्ष में बनेंगी। इस वर्ष भूमि, भवन, वाहन आदि चल व अचल सम्पत्ति की खरीद-फरोख्त की संभावना है। किसी रिश्तेदार या मित्र से थोड़ी-सी अनबन हो सकती है।
 
इस वर्ष अप्रैल से सितम्बर के मध्य शनि महाराज वक्र स्थिति में चलायमान रहेंगे। इस दौरान कोई अप्रिय या अशुभ घटना घटित हो सकती है। इस दरम्यान वाहन बार-बार खराब होगा। क्रोध व आवेश पर काबू रखें, अन्यथा आप अपना नुकसान कर सकते हैं। पैतृक सम्पत्ति से बंटवारे सम्बन्धित विवाद हो सकता है। व्यावसायिक प्रतिद्वन्द्वी व प्रतिस्पर्धी आपके सामने कड़ी चुनौती रख देंगे। आत्मविश्वास के बल पर आप हर मुश्किल का डटकर मुकाबला करेंगे। लोग आपकी आलोचना या निंदा करेंगे, आलोचना से विचलित होने की जरूरत नहीं है। संतान की शिक्षा, विवाह व कैरियर से सम्बन्धित कार्यों पर खर्चा हो सकता है। इस वर्ष मित्रों व सहयोगियों से आशातीत  सहयोग प्राप्त होगा। आर्थिक मामलों में काफी सोच-विचार कर निर्णय लें। बिना पढ़े किसी भी कागज या दस्तावेज पर हस्ताक्षर नहीं करें।
 
शारीरिक सुख एवं स्वास्थ्य
शारीरिक सुख की दृष्टि से यह वर्ष आपके लिए मध्यम फलप्रद है। काम-काज की व्यस्तताओं व दौड़-धूप के बीच में आप स्वास्थ्य पर ध्यान नहीं दे पाएंगे। इस साल मौसमी बिमारियां सिर दर्द, सर्दी, जुकाम, खासी, पेट दर्द, एसिडीटी, गैस जैसी बिमारियों से परेशान रहेंगे। अप्रैल से सितम्बर के मध्य शनि की गति वक्र रहेगी, अत: वाहन सावधानीपूर्वक चलाएं। इस समय रोग प्रतिरोधक क्षमता कम रहेगी, मौसमी बिमारियों के शीघ्रता से प्रभाव में आ जाएंगे। इस वर्ष शारीरिक व्यायाम, योग, डाइट कन्ट्रोल आदि पर ध्यान देना चाहिए। जंक फूड व ज्यादा तला हुआ खाना खाने से परहेज करें। यद्यपि इस साल किसी गम्भीर व घातक बीमारी की संभावना नहीं है।
 
व्यापार, व्यवसाय व धन
कारोबार की दृष्टि से वर्ष काफी अच्छा है। व्यापारिक समझ, सूझ-बूझ व बुद्धिमत्ता का प्रयोग कर आप अपने व्यापार को बढ़ा देंगे। इस साल व्यापारिक व व्यक्तिगत जीवन दोनों को एक-दूसरे से अलग रखेंगे। व्यापार व व्यवसाय में विस्तार की योजना पर काम होगा, हालांकि आरंभिक रूप से  धन इतना नहीं मिल पाएगा, परंतु व्यापार में आप सुनहरे भविष्य की ओर देखेंगे। तीनतीन ग्रहों की छठे भाव में स्थिति के कारण किसी भी कागज पर हस्ताक्षर करने से पूर्व भली प्रकार से विचार कर लें। बिना किसी कागज को पढ़े हस्ताक्षर नहीं करें। निवेश करने से पहले कम्पनी तथा शर्तों के बारे में अच्छी तरह से पड़ताल कर लें। कर्क राशि के जातक भावुक प्रवृत्ति के होते हैं, भावुकता में कोई गलत निर्णय आपके द्वारा हो सकता है। व्यापार में आयकर, सेल्स टैक्स, सर्विस टैक्स, वैट, कस्टम आदि से सम्बन्धित कोई समस्या हो सकती है। अत: इस ओर से सावधान रहें। भागीदार, पार्टनर व कर्मचारी की हर गतिविधि पर पूरी नजर रखें, कोई व्यावसायिक सूचना लीक हो सकती है। हिम्मत व साहस के बलबूते पर आप बड़े-से-बड़ा काम चुटकियों में निपटा ही लेंगे। जहां तक धन व सम्पत्ति की बात है, पैसा आने से पहले जाने का रास्ता रहेगा। घर में किसी नवीन इलैक्ट्रिक उत्पाद की खरीददारी कर सकते हैं। भूमि, भवन, वाहन आदि की खरीददारी हो सकती है। नए-नए व्यापारिक व व्यावसायिक अनुबंधन होंगे। व्यापार में तकनीक का इस्तेमाल व प्रयोग करेंगे। अपने व्यापारिक उत्पादों को इंटरनेट व ऑनलाइन के माध्यम से प्रचार-प्रसार करेंगे। बैंक बैलेंस में बढ़ोतरी होगी।

 
घर, परिवार, संतान व रिश्तेदार
व्यावसायिक जीवन को पारिवारिक जीवन पर हावी नहीं होने देंगे, अत: पारिवारिक सुख-शांति की दृष्टि से यह साल अच्छा हेगा। पति-पत्नी में सामंजस्य बहुत ही बढिय़ा रहेगा। वर्षारम्भ में शनि छठे स्थान में स्थित है। अत: बुजुर्गों का स्वास्थ्य जरूर डांवाडोल रह सकता है। चौथे स्थान पर गुरु मंगल की युति है। भाइयों से सम्पत्ति बंटवारे या लेन-देन सम्बन्धी विवाद हो सकता है। विवाह योग्य जातकों के विवाह की बात आगे बढ़ेगी। अगर आप रिश्तेदारों के काम आएंगे, तो रिश्तेदार भी आपकी मदद के लिए तत्पर रहेंगे। जीवनसाथी से हर मुश्किल समय में आपको स्नेह और भावनात्मक संबल मिलेगा। संतान आपकी आज्ञा में रहेगी। संतान के कैरियर व विद्याध्ययन में उन्नति होगी। घर में किसी नवीन सदस्य के आगमन की आहट सुनाई दे रही है। वहीं घर के किसी वरिष्ठ सदस्य या बुजुर्ग के स्वास्थ्य में गड़बड़ होगी व आपको इसके लिए अस्पताल के चक्कर काटने पड़ सकते हैं।
 
विद्याध्ययन, पढ़ाई व कॅरियर
पढ़ाई में पूरी तरह से कर्क राशि के व्यक्ति एकाग्रचित्त होंगे। कैरियर में नई-नई संभावनाओं का जन्म होगा। नौकरी में बॉस व अधिकारी आपके काम से संतुष्ट  रहेंगे, लक्ष्यों को और काम को पूरा नहीं  पाने के कारण तनाव आप पर हावी होगा। प्राइवेट जॉब में कार्यरत व्यक्ति नौकरी  नई-नई संभावनाओं को तलाशेंगे, उन्हें मिल भी जाएंगी। विद्यार्थियों को में और ज्यादा मेहनत करने की है। प्रेम-प्रसंग, फेसबुक, व्हाट्सअप सोशल नेटवर्किंग में अपना समय नष्ट नहीं करें। कुसंगति व गलत लोगों से दूर रहें। पुस्तकों को मित्र बनाएं। लक्ष्य पर पैनी नजर आपको सफलता की ओर अग्रसर करेगी। वरिष्ठ जनों को आदर व सम्मान दें। नौकरी में सहकर्मियों की भी आप मदद करेंगे। स्टडी रूम में गायत्री माता, सरस्वती माता की तस्वीर लगाएं, इससे पढ़ाई में फोकस बनेगा।
 
प्रेम-प्रसंग व मित्र
कर्क राशि के जातक भावुक व उदार प्रवृत्ति के होते हैं। पंचमेश मंगल वर्षारम्भ में गुरु के साथ है, अत: प्रेम के अवसर तो आपको मिलेंगे, परंतु आपकी दृष्टि में वह प्राथमिकता नहीं रहेगी। प्रेमी-प्रेमिका में व्याप्त आपसी गलतफहमियों व मतभेदों का निराकरण होगा। किसी जरूरतमंद मित्र की सहायता के लिए आप हाथ बढ़ाएंगे। नए-नए मित्र भी बनेंगे। मित्रें से समयसमय पर आपको उचित सलाह व भावनात्मक सम्बल मिलता रहेगा।
 
वाहन, खर्च व शुभ कार्य
वर्षारम्भ में आपकी राशि का स्वामी चंद्रमा बारहवें स्थान में है। इसके अनुसार खर्च अधिक होगा। खासकर फिजूलखर्ची को नियंत्रित करें। फालतू के खर्चों को कम करें, अन्यथा उन खर्चों को चलाने के लिए ऋण लेना पड़ सकता है। जहां तक शुभकार्य की बात है, इस वर्ष घर में कोई शुभ प्रसंग आयोजित हो सकता है। वाहन पर बार-बार खर्चा होगा। वाहन पर बार-बार खर्च करने से अच्छा है कि एक बार वाहन की अच्छे से सर्विस करवाएं, अन्यथा वाहन आपको रास्ते में खड़ा कर सकता है। जून तक नया वाहन खरीदने के योग भी बने हुए हैं।
 
हानि, कर्ज व अनहोनी

छठे भाव में शनि के प्रभाव से तथा शनि के वक्रत्व काल में किसी घर के सदस्य या रिश्तेदार के साथ अप्रैल से सितम्बर के मध्य अनहोनी हो सकती है। व्यापार में हानि के योग तो नहीं हैं, परंतु षड्यंत्रों से सावधान रहें। षड्यंत्रवश नुकसान हो सकता है। व्यापार को व्यवस्थित करने के लिए ऋण लेना पड़ सकता है, जो बाद में चुकता भी हो जाएगा।
 
यात्राएं
इस वर्ष लम्बी दूरी की यात्राएं हो सकती हैं। विदेश यात्रा के योग भी प्रबलता से बने हुए हैं। इस वर्ष अप्रैल से सितम्बर के मध्य शनि वक्री रहेंगे। परिवार के सदस्यों के साथ आपका किसी धार्मिक महत्त्व की यात्र का कार्यक्रम बन सकता है।
 
उपाय
वर्ष की शुभता बढ़ाने के लिए तथा शुभ फलों को प्राप्त करने के लिए मोतीयुक्त बीसा यंत्र गले में धारण करें। नहाने के पानी में सोमवार को कच्चा दूध डालकर नहाएं तथा कच्चा दूध मिश्रित जल शिवलिंग पर चढ़ाएं।