भारत में लहसुन का इस्तेमाल बड़ी मात्रा में किया जाता है। जो न सिर्फ खाने के जायके को बढ़ाता है बल्कि हमारी सेहत के लिए भी काफी फायदेमंद होता है। ऐसे में लहसुन का इस्तेमाल करने से पहले लोग अक्सर उसके छिलकों को फेंक देते हैं और अंदर के भाग का इस्तेमाल करते हैं। मगर लहसुन के साथ इसके छिलके भी सेहत के लिए काफी गुणकारी होते हैं। दरअसल, लहसुन के छिलकों में एंटीबैक्टीरियल एंटीवायरल और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं। इसमें एलिसिन कंपाउंड होता है। यह आपकी स्किन के साथ.साथ कई बीमारियों से भी आपको बचा सकता है। आइए जानते हैं लहसुन के छिलकों के फायदों के बारे में 
बालों के लिए फायदेमंद 
लहसुन के छिलकों का इस्तेमाल पानी में उबालकर बालों में किया जाए तो इससे बालों से जुड़ी समस्याएं दूर होती हैं। इसके अलावा लहसुन के छिलकों को पीसकर इसमें ऑलिव ऑयल मिलाकर बालों में लगाने से बाल शाइनी बनते हैं, अगर आपको बालों में डैंड्रफ की समस्या है तो इसके छिलकों को पीसकर इसमें नींबू मिलाएं और बालों की जड़ों में इससे मसाज करें,
मौसमी बीमारियों से बचाव 
अगर आपको सर्दी.जुकाम की समस्या है, तो इसके लिए पानी में लहसुन की छिलके डालकर उबाल लें। इसको छान कर पिए। आपको आराम मिलेगा।
मसल्स में ऐंठन से दिलाए छुटकारा
यदि आप मसल्स में दर्द और ऐंठन से परेशान रहती हैंए तो लहसुन के छिलकों को अच्छी तरह से धोकर इसे 10.20 मिनट तक उबालें। 10.15 मिनट के बाद इस पानी को छानकर इसे हल्का गुनगुना पीएं। इससे मसल्स में ऐंठन दूर हो जाती हैंण्
सोने से पैरों की सूजन होगी कम
पैरों में सूजन की समस्या से परेशान लोग भी इसका सेवन कर सकते हैं। इसके लिए लहसुन के छिलकों को पानी में उबालें। फिर गुनगुने पानी को टब में डालकर इसमें पैर रखें। इससे पैरों में सूजन व दर्द की शिकायत से आराम मिलेगी। 
स्किन संबंधी परेशानी करे दूर
लहसुन के छिलकों का पेस्ट या पाउडर बनाकर उसे गुलाब जल में मिलाएं। फिर इससे चेहरे पर थोड़ी देर लगाकर ताजे पानी से इसे साफ कर ले। इसमें मौजूद एंटी.बैक्टीरियल, एंटी.वायरल आदि गुण पिंपल्स, दाग.धब्बे दूर करके चेहरे को साफ और ग्लोइंग बनाने में मदद करते हैं। 
काले बालों के लिए
लहसुन के छिलकों को बारीक पीसकर कैस्टर ऑयल या फिर आलिव आयल के साथ मिलाकर सिर पर लगाने से बालों का रंग काला होता है। बाल कालें सुंदर चमकदार बनते है।
फ्लेवर की तरह करें इस्तेमाल
लहसुन और प्याज के छिलके को भूनकर ग्राइंड कर लें। इस पाउडर का इस्तेमाल खाने का जायका बढ़ाने के लिए कर सकते हैं। इससे खाने में हल्का सा फ्लेवर आ जाता है।

सूप में डालें

इन छिलकों को आप सूप या मांस के रस में डाल सकते हैं। सूप में प्याज और लहसुन के छिलके पकाते समय डालें और फिर छानकर सूप पी लें। इस तरह छिलकों के पोषक तत्व बेकार नहीं होते हैं।
लहसुन को साफ करने के आसान तरीके
ट्रिक 1 एक कटोरी में पानी भर लें और लहसुन की कलियों को उसमें डुबो दें। एक घंटे बाद इन कलियों को स्लैब पर रखकर सिर्फ हल्के से दबा दीजिए। लहुसुन का छिलका खुद ब खुद साफ हो जाएगा।
ट्रिक 2 चाकू की मदद से लहसुन का ऊपरी हिस्सा काट लीजिए। इससे लहसुन का छिलका जल्दी से साफ हो जाएगा।
ट्रिक 3 लहसुन की सभी कलियों को 30 सेकंड के लिए माइक्रोवेव में डाल दीजिए। जब आप इसे माइक्रोवेव से निकालेंगी तो इसका छिलका रोस्ट हो चुका होगा और बहुत आसानी से उतर जाएगा।
ट्रिक 4 अगर आपके पास माइक्रोवेव नहीं है तो आप लहसुन के छिलकों को कड़ाही या फिर तवे पर भी गर्म कर सकती हैं। इसके बाद इनका छिलका आराम से उतर जाएगा।
ट्रिक 5 किसी डिब्बे में लहसुन की कलियों को डालकर जोर.जोर से एक या दो मिनट तक हिला लीजिए। ऐसा करने से ज्यादातर छिलके तो खुद ही उतर जाएंगे और जो कुछ बचेंगे उन्हें आसानी से साफ किया जा सकता हैण्
लहसुन की तासीर 
यह एक महत्वपूर्ण प्राकृतिक एंटीबायोटिक की तरह कार्य करता है। ये एक नेचुरल एंटी.बायोटिक है। ये कई तरह के संक्रमण को दूर करने में कागर होता है साथ ही इसमें हीलिंग का भी गुण होता है।लहसुन में एंटीबायोटिकए एंटीवायरल और एंटीफंगल गुण होते हैं। लहसुन इम्यूनिटी बूस्ट, एंटीबैक्टीरियल, एंटीवायरल और एंटी.फंगल गुण से भरा होती हैं। लहसुन की तासीर गर्म और खुश्क होती है इसलिए सीमित मात्रा में इसका उपयोग करना चाहिए।  
कई बार इसका अत्यधिक उपयोग करने से पेट की कई समस्याएं हो जाती हैं। गर्मियों में इसका उपयोग कम ही करना चाहिए क्योकि यह गर्म होता है और गर्म तासीर की वजह से ही आम.तौर पर इसे सर्दियों में उपयोग करने की सलाह दी जाती है।  
अगर किसी को इसका दुष्प्रवाभ हो जाता है तो उस व्यक्ति को धनिया, नींबू, पुदीना आदि लेने की सलाह दी जाती है। कई मामलों में देखा गया है की इसमें सल्फर मौजूद होने की वजह से लोगों को इससे एलर्जी हो जाती है जिससे कई समस्याएं हो सकती हैं इसलिए जिन लोगों को इससे एलर्जी जैसा महसूस हो या जो इससे एलर्जिक हों,  वो इसका सेवन न करें।

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