Renuka Goswami
बढ़ते हेल्थ रिस्क और स्वास्थ्य समस्याओं के कारण FSSAI यानी “भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण” द्वारा प्रोटीन सप्लीमेंट्स पर कड़े नियम लागू किए गए हैं।
आजकल कई हेल्थ समस्याएं मिस लेबलिंग, एडल्टरेशन और प्रोटीन प्रोडक्ट्स या बाजारों में मिलने वाले प्रोटीन सप्लीमेंट्स में मौजूद नुकसानदायक पदार्थों की देन है।
ऐसे में FSSAI ने पब्लिक हेल्थ को सुधारने और भविष्य में समस्याओं से बचे रहने के लिए हेल्थ के लिए खतरनाक प्रोटीन प्रोडक्ट्स पर कड़े नियम लगाने का फैसला लिया है।
एक्सपर्ट्स की मानें तो बाजारों में मिलने वाले प्रोटीन सप्लीमेंट्स में हेल्थ के लिए खतरनाक हैवी मेटल्स जैसे लैड और मर्करी पाए गए हैं। जिसके कारण ये नियम बनाएं गए हैं।
इसके अलावा कुछ सप्लीमेंट्स में बैक्टीरिया और फंगी के साथ माइक्रोबियल कॉन्टमिनेशन प्राप्त किए गए हैं। जो बढ़ते इन्फेक्शन और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल समस्याओं का बड़ा कारण है।
प्रोटीन सप्लीमेंट्स या प्रोडक्ट्स में सभी इंग्रीडिएंट्स के स्पष्ट न होने के कारण कंस्यूमर्स को एलर्जी और अन्य कई हेल्थ संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ता रहा है।
ऐसे में FSSAI के नए रेगुलेशंस के अनुसार प्रोडक्ट की जरूरी टेस्टिंग, प्रोडक्ट पर इंग्रीडिएंट्स की एक्यूरेट लेबलिंग और हेल्थ के लिए नुकसानदायक पदार्थो पर रोक लगा दी गई है।
अंत में कंस्यूमर्स को प्रोडक्ट खरीदते समय FSSAI सर्टिफिकेशन देखना है, लेबल ध्यान से पढ़ना है, और प्रोफेशनल कंसल्ट के साथ सही विश्वसनीय ब्रांड को इस्तेमाल करना है।