श्वेता
सनातन धर्म में गोवर्धन पूजा का विशेष महत्व है। इस शुभ अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण और गोवर्धन पर्वत की विधिपूर्वक पूजा-अर्चना की जाती है।
पंचांग के अनुसार गोवर्धन पूजा का त्योहार 02 नवंबर को मनाया जाएगा। इस दिन पूजा पाठ करने से जीवन में आने वाली परेशानियां दूर होने लगती हैं।
कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि की शुरुआत 01 नवंबर को शाम 06 बजकर 16 मिनट से शुरू होकर 02 नवंबर को रात 08 बजकर 21 मिनट तक होगी।
इस दिन गलतियां करने से व्यक्ति को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में आइए जानते हैं गोवर्धन पूजा के दिन क्या करने से बचना चाहिए-
गोवर्धन पूजा के दिन गाय की पूजा का बड़ा महत्व है। इस दिन गौ माता को परेशान नहीं करना चाहिए नहीं तो जीवन में संकट का पहाड़ टूट सकता है।
गोवर्धन पूजा के दिन तामसिक चीजों को खाने से बचना चाहिए। इस दौरान सात्विक चीजों को खाना बेहद शुभ होता है।
गोवर्धन पूजा के दिन बड़े-बुर्जगों और महिलाओं का अपमान नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से समाज में मान-सम्मान मिलता है।
गोवर्धन पूजा के दिन भूलकर भी काले रंग के कपड़े न पहनें। पूजन में हल्के पीले या नारंगी रंग के कपड़े पहनना शुभ होता है।
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